हरिद्वार।जिलाधिकारी श्री विनय शंकर पाण्डेय की अध्यक्षता में एचआरडीए सभागार में किसान उत्पादक संगठन योजना सम्बन्धी जिला स्तरीय निगरानी समिति की बैठक आयोजित हुई।

बैठक में जिलाधिकारी विनय शंकर पाण्डेय को जिला विकास प्रबन्धक, नाबार्ड, अखिलेश डबराल ने बताया कि किसान उत्पादक संगठन योजना भारत सरकार की योजना है, जिसके अन्तर्गत दस हजार किसान उत्पादक संगठनों (एफपीओ) को विभिन्न क्षेत्रों में आगे बढ़ाना है।

उन्होंने बताया कि हरिद्वार जनपद के छह ब्लाकों में यह योजना लागू होगी, जिसके अन्तर्गत तीन एजेंसियां-नाबार्ड-खानपुर, रूड़की ब्लाक में, एनसीडीसी-बहादराबाद, भगवानपुर एवं लक्सर में तथा एसएफएसी-नारसन ब्लाक में किसान उत्पादक संगठनों के लिये कार्य करेगी।


मुख्य कृषि अधिकारी श्री वी0के0 सिंह यादव ने बताया कि किसानों की जोत दिन पर दिन कम होती जा रही है। इसलिये किसान उत्पादकों को इस संगठन में जोड़ा जायेगा। उन्होंने बताया कि पहले कम जोत वालों को तत्पश्चात बड़े जोत वालों को इस योजना में जोड़ेंगे।

उन्होंने कहा कि कई किसान उत्पादक संगठन (एफपीओ)यहां काम कर रहे हैं, जो आर्गनिक फार्मिंग, डेयरी फार्मिंग आदि विभिन्न क्षेत्रों में काफी अच्छा कार्य कर रहे हैं, जिनसे सीखने के लिये बाहर प्रदेशों के लोग भी यहां आ रहे हैं।

बैठक में किसान उत्पादक संगठन (एफपीओ) गठन की प्रगति, किसान उत्पादक संगठन (एफपीओ) की पंजीकरण की स्थिति, किसान उत्पादक संगठन (एफपीओ) की गतिविधियों का चयन आदि विषयों पर विस्तृत चर्चा हुई। इस अवसर पर इस क्षेत्र में कार्य कर रहे किसान उत्पादक संगठनों- (एफपीओ)जीवा-अमृत , भू-अमृत आदि के बारे में भी जानकारी दी गयी ।

जिलाधिकारी श्री विनय शंकर पाण्डेय ने अधिकारियों को निर्देश दिये कि इस योजना में सब्जियों के लिये भी कोई न कोई व्यवस्था रखी जानी चाहिये। उन्होंने कहा कि इस योजना की विस्तृत जानकारी के लिये मैं जल्दी ही साइट निरीक्षण करूंगा।

इस अवसर पर मुख्य उद्यान अधिकारी नरेन्द्र यादव, सहायक निदेशक डेयरी पियूष आर्य, सहायक निदेशक मत्स्य अनिल कुमार, सहायक परियोजना निदेशक नलनीत घिल्डियाल, एसीएफ राजन कपूर, सहकारिता विभाग से एडीसीओ डाॅ0 अरविन्द जोशी, एफपीओ से श्री गुरविन्दर सिंह, निरीक्षक मण्डी समिति मंगलौर श्री कपिल पाल आदि सम्बन्धित विभागों के अधिकारीगण उपस्थित थे।

रिपोर्ट:-सुधीर चावरिया

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